NRI SANJH JALANDHAR (4 March)
किसान आंदोलन के बीच ऑल पंजाब ट्रक ऑपरेटर यूनियन और लेबर यूनियन की 5 जत्थेबंदियां भी अपनी मांगों को लेकर जालंधर दिल्ली नेशनल हाईवे 7 मार्च को बंद करने जा रही हैं। पंजाब सरकार के खिलाफ यूनियन की तरफ से संगरुर में सीएम भगवंत सिंह मान के घर के बाहर 7 फरवरी से लगातार धरना जारी है। मांगों की तरफ ध्यान ने दिए जाने को लेकर आखिर में यूनियन के सदस्यों ने हाईवे को पूरी तरह से बंद करने का ऐलान कर दिया है। इसकी जानकारी ऑल पंजाब ट्रक ऑपरेटर यूनियन के प्रधान हैप्पी संधू ने दी है।
सरकार नहीं दे रही हमारी मांगों पर ध्यान
हैप्पी संधू ने कहा कि पंजाब सरकार ट्रक व लेबल यूनिनय के सदस्यों को हलके मे ले रही है। इसलिए उनकी मांगों की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इसलिए हर हालत में 7 मार्च को धरना प्रदर्शन किया जाएगा और पूरी तरह से हाईवे को बंद कर दिया जाएगा। धरना प्रर्दशन लाडोवाल टोल प्लाजा के दोनो तरफ के रोड पर लगाया जाएगा। जहां ट्रकों को खड़ा कर दिया जाएगा।
अनिश्चिकालीन रहेगा धरना
संधू ने कहा कि धरना अनिश्चितकालीन के लिए लगाया जाएगा। अगर पंजाब सरकार 7 मार्च को मीटिंग भी करती है तो भी धरना लगेगा। धरने के दौरान अगर उनकी मांगों का कोई हल निकलता है तो धरना हटा दिया जाएगा। लेकिन अब पीछे नहीं हटा जाएगा।
ट्रक ऑपरेटर यूनियन की ये हैं मुख्य मांगे
- उनकी मांग है कि सारे टेंडर ट्रक यूनियन के हो और सभी टेंडर डालते समय ट्रकों की लिस्ट जारी की जाए।
- पिछले 15 सालों से टेंडर के दौरान दी गई सिक्योरिटी वापिस की जाए।
- लेबर का काम अलग किया जाए, ये काम 0 किलोमीटर से लेकर 100 किलोमीटर तक एक अनुसार होना चाहिए।
- ट्रांसपोर्ट के रेट पिछले 7 सालों से नहीं बढ़ाए गए। कलस्टर बनाते समय ट्रक यूनियन की सलाह ली जाए।
- लेबर की मांग 29 सितंबर 1993 को जिस हिसाब के साथ एफसीआई ने तीन मैंबरी कमेटी बनाकर ठेकेदारी सिस्टम को खत्म किया जाए।
- कमर्शियल काम को खत्म करने के लिय ट्रैक्टर ट्रॉलियों को बंद किया जाए और हाईकोर्ट के आदेश लागू किए जाएं।
- ओवरलोड वाहन अगर टोल प्लाजा पर आता है तो उससे दूसरी स्टेट की तरह 10 गुणा अधिक टोल टेक्स लिया जाए।
- ट्रक यूनियन के प्रधान के चुनाव दौरान ट्रक आप्रेटर की सहमति ली जाए।
- परमिट का काम करवाने में जो दिक्कत परेशानी आती है, उसे दूर करवाया जाए।


