पिछले दिनी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी चार्ली किर्क की हत्या कर दी गई थी। जिसके बाद राष्ट्रपति ने बड़ा कदम उठाते हुए वामपंथी फासीवाद-विरोधी आंदोलन एंटीफा को आतंकवादी संगठन घोषित कर दिया है।डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर इस फैसले की घोषणा करते हुए कहा कि वह एंटीफा को, जो “एक बीमार, खतरनाक, कट्टरपंथी वामपंथी आपदा” है, एक प्रमुख आतंकवादी संगठन घोषित कर रहे हैं।
उन्होंने एंटीफा को फंड मुहैया करवाने वाले सभी व्यक्तियों और संगठनों की पूरी जांच का भी आह्वान किया।चार्ली किर्क की हत्या के बाद ट्रंप ने यह कदम उठाया। हत्या का आरोपी टायलर रॉबिन्सन है, जो एक वामपंथी राजनीतिक व्यक्ति है और जिसकी विचारधारा एंटीफा से मिलती-जुलती है। एंटीफा एक ऐसा आंदोलन है जो कभी-कभी हिंसा और प्रदर्शनों से जुड़ा होता है।
ट्रंप ने कहा कि किर्क की हत्या ने उन्हें यह कड़ा कदम उठाने के लिए प्रेरित किया है, जिसका वादा उन्होंने अपने पहले कार्यकाल में भी किया था। उस समय, अटॉर्नी जनरल विलियम बार ने एंटीफा की गतिविधियों को “घरेलू आतंकवाद” बताया था। इस आंदोलन का कोई केंद्रीय नेतृत्व या राष्ट्रीय मुख्यालय नहीं है, हालांकि कुछ स्थानीय समूह नियमित रूप से मिलते रहते हैं।अमेरिकी कानून के तहत विदेशी आतंकवादी समूहों को फंड मुहैया करवाना गैरकानूनी है, लेकिन घरेलू समूहों के लिए ऐसा कोई कानून नहीं है, यही वजह है कि ट्रंप ने इसे “आतंकवादी संगठन” घोषित करने का फैसला किया।


