Thursday, April 23, 2026

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मकर संक्रांति और मौला अली शेर-ए-ख़ुदा के जन्मदिन के अवसर पर बच्चों के साथ मनाया गया विशेष कार्यक्रम

NRI SANJH JALANDHAR (14 JANUARY)

पंजाब के सर्वधर्म ख्वाजा मंदिर में मकर संक्रांति का पावन पर्व पूरे हर्षोल्लास और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर मौला अली शेर-ए-ख़ुदा के जन्मदिन की खुशियां भी बच्चों के साथ साझा की गईं।

मकर संक्रांति हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है। यह त्योहार नई ऊर्जा, सकारात्मकता और सामूहिक उत्सव का प्रतीक है। इस शुभ अवसर पर मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया, जिसमें भक्तों ने पूरे विधि-विधान से भगवान सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया और तिल-गुड़ का प्रसाद वितरित किया।

सर्वधर्म ख्वाजा मंदिर के महासचिव गौरव जैन ने इस अवसर पर कहा कि मकर संक्रांति न केवल धार्मिक बल्कि सांस्कृतिक महत्व भी रखती है। यह दिन दान, धर्म और सामाजिक सेवा को समर्पित होता है। इसी भावना के तहत बच्चों के साथ इस पर्व को मनाने का विशेष आयोजन किया गया। बच्चों को तिल-गुड़, पतंग और मिठाई वितरित की गईं, जिससे उनकी खुशी दोगुनी हो गई।

इसके साथ ही, मौला अली शेर-ए-ख़ुदा के जन्मदिन पर उनके जीवन और आदर्शों पर भी प्रकाश डाला गया। उनकी शिक्षाओं के संदर्भ में कहा गया कि मौला अली का यह कथन कि “हर इंसान तुम्हारा भाई है, चाहे वह तुम्हारे धर्म से हो या न हो, परंतु मानवता के नाते हम सब समान हैं,” एकता और समानता का गहन संदेश देता है। यह विचार भारत के दर्शन “वसुधैव कुटुंबकम” को प्रकट करता है, जिसमें पूरा विश्व एक परिवार माना गया है।

कार्यक्रम में सर्वधर्म ख्वाजा मंदिर के अध्यक्ष डॉ. सूफी राज जैन ने अपने संबोधन में कहा कि मकर संक्रांति और मौला अली का जन्मदिन हमें जीवन में सच्चाई, मानवता और प्रेम के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने मौला अली के जीवन को एक प्रेरणा स्रोत बताते हुए विश्व में शांति, भाईचारे और अमन के लिए प्रार्थना की।

यह आयोजन न केवल धार्मिक बल्कि सामाजिक एकता और सामूहिक उत्सव का प्रतीक बनकर उभरा। उपस्थित श्रद्धालुओं और बच्चों ने इस खास दिन को यादगार बनाने में अपनी महत्वपूर्ण सहभागिता दिखाई।

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