NRI SANJH JALANDHAR (23 January)
22 जनवरी को अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा के दौरान रामलाल की जो नई मूर्ति की स्थापना की गई है।उसका नाम पुजारी अरुण दीक्षित की तरफ से बालक राम रखने के लिए कहा है, पंडित अरुण दीक्षित ने कहा कि रामलीला की मूर्ति एक बच्चे की तरह दिखती है। उन्होंने कहा कि पहली ऐसी मूर्ति देखी है जिसको देखते ही मन नहीं भरता बल्कि आंखें भर आती हैं। मेरे लिए प्राण प्रतिष्ठा का दिन मेरे जीवन का अहम दिन है।
बता दे की मंदिर के अंदर रामलाल की जो पुरानी मूर्ति है उसके सामने ही नई मूर्ति रखी गई है। मूर्ति को बनारसी कपड़े पहने गए हैं जिसमें एक पीली धोती और एक लाल पताका और अंग वस्त्रम है अंग वस्त्रम को शुद्ध सोने की जड़ी और धागों से सजाया गया है। रामलाल की नई मूर्ति को 5 किलो सोने के गहनों से सजाया गया है। इसी के साथ मुकुट में माणिक्य पन्ना और हीरे लगे हुए हैं और मुकुट के बीच सूर्य अंकित है।
भगवान श्री राम की जो मूर्ति मैसूर के मूर्तिकार अरुण योगीराज की तरफ से तशी गई है।वह तीन अरब साल पुरानी चट्टान से बनाई गई है l प्राण प्रतिष्ठा के बाद अब तक 2 लाख से ज्यादा भक्तों ने दर्शन किए हैं।


