NRI SANJH JALANDHAR (10 NOVEMBER)
श्री गुरु नानक देव जी के 555वें प्रकाश पर्व के अवसर पर पाकिस्तान जाने वाले सिख जत्थे के कई श्रद्धालुओं को वीजा न देने पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने कड़ा एतराज जताया है। उन्होंने बताया कि एसजीपीसी द्वारा 2244 श्रद्धालुओं के पासपोर्ट दिल्ली स्थित पाकिस्तानी दूतावास भेजे गए थे, जिनमें से 1481 को वीजा नहीं मिला, जो अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
एसजीपीसी को पहले हर जत्थे में कोटे के अनुसार वीजा मिलते थे, लेकिन इस बार इतनी बड़ी संख्या में वीजा कटौती कर भावनाओं को ठेस पहुंचाई गई है। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर दोनों देशों की सरकारों को विशेष ध्यान देना चाहिए. एसजीपीसी अध्यक्ष ने बताया कि इस मामले को पहले भी सरकारों के समक्ष उठाया गया है। दुख की बात है कि पहले से भी अधिक संख्या में श्रद्धालुओं को इस बार वीजा से वंचित रखा गया है। उन्होंने कहा कि इस मसले को दोनों देशों की सरकारों के समक्ष मजबूती से उठाया जाएगा।
Gurpurab 2024: 2023 में 3 हजार श्रद्धालुओं को मिला था वीजा
साल 2023 में गुरु नानक देव जी का प्रकाश पर्व 25 नवंबर से 4 दिसंबर तक मनाया गया था, जिसके लिए भारत से करीब 3 हजार श्रद्धालु दर्शन के लिए गए थे।
1974 के समझौते के तहत पाकिस्तान देता है वीजा
हर साल सिख श्रद्धालुओं के जत्थे गुरु नानक जी के प्रकाश पर्व, गुरु अर्जन देव जी के शहीदी पर्व और महाराजा रणजीत सिंह की बरसी मनाने के लिए पाकिस्तान जाते हैं। इसके लिए पाकिस्तान सरकार 1974 के प्रोटोकॉल के तहत हर साल सिख श्रद्धालुओं को वीजा प्रदान करती है।


