देश में CAA (सिटीजनशिप अमेंडमेंट एक्ट) लागू हो गया है। लोकसभा चुनावों से पहले केंद्र सरकार ने इसकी नोटिफिकेशन जारी कर दी है। CAA लागू होने से दूसरे देश से भारत में आए हिंदू, सिख, पारसी और ईसाई समाज के लोगों को फायदा होगा। इसके लिए सरकार ने एक वेब पोर्टल भी बनाया है।
इस तरह से CAA से मिलेगी नागरिकता
CAA में 2014 के पहले से पाकिस्तान, अफगानिस्तान, बांग्लादेश देशों से प्रताड़ित होकर आने वाले हिंदू, सिख, बौद्ध और ईसाई भाईचारे के लोगों को नागरिकता दी जाएगी। फिलहाल इन तीन देशों के ही शरणार्थी देश में नागरिकता आवेदन के लिए योग्य हैं।
भारतीय नागरिकों को CAA से क्या मिलेगा
भारतीय नागरिकों का CAA से कोई लेना-देना नहीं है। CAA सिर्फ उन लोगों को भारत में रहने का अधिकार दे रहा है जो पाकिस्तान जैसे देशों में प्रताड़ित हो रहे हैं। इसके लिए उन्हें एक पोर्टल पर जाकर भारत की नागरिकता के लिए आवेदन करना होगा।
2019 में दोनों सदनों में पास हुआ था बिल
आपको बता दें कि मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल साल में गृहमंत्री अमित शाह ने 9 दिसंबर को लोकसभा में पेश किया था। 11 दिसंबर को राज्यसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक 2019 (CAB) के पक्ष में 125 और खिलाफ में 99 वोट पड़े थे। 12 दिसंबर 2019 को इसे राष्ट्रपति की मंजूरी मिल गई। देशभर में भारी विरोध के बीच बिल दोनों सदनों से पास होने के बाद यह कानून की शक्ल ले चुका था।


