NRI SANJH JALANDHAR (21 JULY)
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के दुकानदारों को अपनी दुकानों के बाहर नेम प्लेट लगाने का आदेश दिया है। इसे लेकर अब योग गुरु बाबा रामदेव का भी बयान सामने आया। उन्होंने इस आदेश का सपोर्ट करते हुए कहा कि हर किसी को अपने नाम पर गर्व होना चाहिए।
योग गुरु ने कहा, ‘अगर रामदेव को अपनी पहचान बताने में कोई दिक्कत नहीं है तो रहमान को अपनी पहचान बताने में दिक्कत क्यों होनी चाहिए? हर किसी को अपने नाम पर गर्व होना चाहिए. नाम छुपाने की जरूरत नहीं है, सिर्फ काम में पवित्रता चाहिए. अगर हमारा काम शुद्ध है, इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि हम हिंदू हैं, मुस्लिम हैं या किसी अन्य समुदाय से हैं।
आदेश के बाद राजनीतिक संग्राम
कई विपक्षी नेताओं ने कांवड़ के दौरान आए इस आदेश का विरोध किया है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि यह आदेश भारत में मुसलमानों के प्रति बढ़ती नफरत को दर्शाता है। इस आंतरिक नफरत का श्रेय राजनीतिक दलों, हिंदुत्व के नेताओं और तथाकथित दिखावटी धर्मनिरपेक्ष पार्टियों को जाता है।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) नेता बृंदा करात ने भी योगी आदित्यनाथ सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, ‘उत्तर प्रदेश सरकार इस तरह के आदेश जारी करके भारत के संविधान को नष्ट कर रही है। एक पूरे समुदाय को अपमानित किया जा रहा है. वे समाज को विभाजित करने की कोशिश कर रहे हैं. इस प्रकार का लक्ष्यीकरण जर्मनी में नाजियों की तरफ से किया गया था. इस आदेश की निंदा होनी चाहिए।
उज्जेन में भी ऐसा आदेश
उत्तराखंड और यूपी सरकार के कदम के बाद, उज्जैन नगर निकाय ने भी दुकानदारों को नेम प्लेट लगाने का आदेश दिया है. उज्जैन के मेयर मुकेश ततवाल ने कहा कि उल्लंघनकर्ताओं को पहली बार अपराध करने पर 2,000 रुपये का जुर्माना देना होगा और इस आदेश की अवहेलना करने पर 5,000 रुपए का जुर्माना देना होगा।




