दिल्ली में लाल किला के पास हुए ब्लास्ट से एक दिन पहले हरियाणा के फरीदाबाद से जिस संदिग्ध डॉक्टर मुजम्मिल को पकड़ा गया था, उसके सामान से नए राज खुले है। मुजम्मिल के कमरे से मिली डायरी और नोटबुक से खुलासा हुआ है कि यह टेरर मॉड्यूल काफी लंबे समय से आतंक की साजिश रच रहा था।
इतना ही नहीं, एक सोची समझी सजिश की तहत भारत में आतंकी वारदात को अंजाम देने की योजना बनाई गई थी। सुरक्षा एजेंसी के हाथ डा. मुजम्मिल की जो डायरी लगी है, उससे अब दिल्ली धमाका के कई सवालों के जवाब मिलने की उम्मीद है। जांच एजेंसी को डॉक्टर उमर के रूम नंबर-4 और डा. मुजम्मिल के रूम नंबर-13, दोनों जगहों से डायरी मिली है।
इसके अलावा, पुलिस को एक डायरी मुजम्मिल के उस कमरे से भी मिली है जहां से पुलिस ने धौज में 360 किलो विस्फोटक बरामद किया था। यह अलफलाह यूनिवर्सिटी से महज 300 मीटर की दूरी पर है। मिली डायरी और नोटबुक में कोड वर्ड्स का इस्तेमाल किया गया है।
डायरी में 8 से 12 नवंबर का जिक्र है, जो ये संकेत देता है कि उस बीच कुछ प्लान था। सूत्रों ने बताया कि डायरी में करीब 25 लोगों के नाम भी मिले है, जो ज्यादातर जम्मू-कश्मीर और फरीदाबाद के है, अब ये पुलिस की जांच के दायरे में है।


