NRI SANJH JALANDHAR (29 JULY)
Delhi IAS Coaching Incident: दिल्ली में नामी-गिरामी IAS कोचिंग सेंटर राव इंस्टीट्यूट (Rau’s IAS Study Circle) के बेसमेंट में पानी भरने से UPSC की तैयारी करने वाले तीन छात्रों की मौत हो गई। घटना के 16 घंटे ने दिल्ली पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कोचिंग मालिक और कोऑर्डिनेटर को गिरफ्तार कर लिया है। घटना के बाद कार्रवाई की मांग को लेकर शनिवार रात से ही छात्र कोचिंग के पास धरने पर बैठे हुए हैं। इसी बीच घटना की इनसाइड स्टोरी भी सामने आई है।
चश्मदीद छात्रों के मुताबिक शनिवार रात को बिल्डिंग में पावर कट के कारण बेसमेंट की लाइब्रेरी का बायोमेट्रिक गेट जाम हो गया। बच्चे लाइब्रेरी के अंदर ही फंस गए। MCD के खराब ड्रेनेज सिस्टम के कारण बेसमेंट में अंदर पानी घुसने लगा। पानी के प्रेशर के कारण गेट टूट गया। चश्मदीद ने बताया कि बहाव इतना तेज था कि सीढ़ियां चढ़ना मुश्किल हो रहा था।
महज 2-3 मिनट में ही पूरे बेसमेंट में 10-12 फीट पानी भर गया। बच्चे बेंच पर खड़े हो गए थे। बाहर निकलने का सिर्फ एक ही गेट था। ऊपर जाने के लिए सिर्फ एक ही सीढ़ी थी। बाद में बच्चों को बचाने के लिए रस्सियां फेंकी गईं, लेकिन पानी गंदा था, इसलिए रस्सियां दिखाई नहीं दी। कोचिंग मालिक और कोऑर्डिनेटर को गिरफ्तार कर लिया गया है।
वहीं मरने वालों की पहचान नेविन डाल्विन (उम्र 28 साल, केरल), श्रेया यादव (उम्र 25 साल) और तानिया सोनी (उम्र 25 साल) के रूप में हुई है। घटना में मृतक छात्र की पहचान नेविन (उम्र 28 साल, केरल) के रूप में हुई है। नेविन डाल्विन केरल का रहने वाला था और जेएनयू से पीएचडी कर रहा था। वह बीते आठ महीने से IAS की कोचिंग कर रहा था। डाल्विन पटेल नगर में रहता था और सुबह करीब 10 बजे लाइब्रेरी में पढ़ाई करने आया था। घटना के थोड़ी देर पहले ही नेविन को मां का कॉल आया था। उसने ने मां को रात 12 बजे रूम में पहुंचने की बात कही थी। हालांकि रात 10 बजे उन्हें अपने बेटे की मौत की खबर मिली।
दूध बेचकर बेटी को IAS बनने के लिए दिल्ली भेजा था
इसके अलावा जिन छात्राओं की मौत हुई उनकी पहचान तान्या सोनी (25) पुत्री विजय कुमार, श्रेया यादव (25) पुत्री राजेंद्र यादव के रूप में हुई है। श्रेया ने जून/जुलाई में ही कोचिंग सेंटर में एडमिशन लिया था। वो यूपी के अंबेडकरनगर जिले के बरसावां हाशिमपुर की रहने वाली थी। श्रेया के पिता डेयरी का काम करते हैं। दूध बेचकर बेटी को IAS बनाने के लिए दिल्ली में कोचिंग करने के लिए भेजा था। हालांकि उनका ये सपना चकनाचूर हो गया। उनकी बेटी भी इस हादसे में मौत के मुंह में चली गई।
बेसमेंट में सिर्फ स्टोरेज बनाने की मिली थी इजाजतफायर एनओसी के मुताबिक बिल्डिंग के बेसमेंट को स्टोरेज बनाने की इजाजत दी गई थी। इससे साफ पता चलता है कि यहां लाइब्रेरी बनाकर सुरक्षा नियमों का उलंघन किया गया है। लाइब्रेरी बनाकर सुरक्षा नियमों का उलंघन किया गया है। वहीं इस घटना में जान गंवाने वाले तीनों छात्रों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए राम मनोहर लोहिया अस्पताल लाया गया है।




