दिल्ली के कनॉट प्लेस में एक बार फिर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का बड़ा प्रदर्शन हो रहा है। सीजेपी सेंट्रल पार्क में ‘लहरा दो तिरंगा’ मार्च का आह्वान किया गया है, जिसमें हजारों लोगों के शामिल होने की संभावना है।इसे देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और प्रदर्शनकारियों समेत आम जनता के लिए भी एडवाइजरी जारी की है।
दिल्ली पुलिस की ओर से तिरंगा लहराने की अनुमति दी गई है, लेकिन इसके लिए कुछ शर्तें भी रखी है।डीसीपी नेहा यादव ने गुरुवार (15 अक्तूबर) को प्रेस कांफ्रेंस कर बताया था कि राष्ट्रीय ध्वज लेकर आने और राष्ट्रगान के लिए 11 लोगों को ही परमिशन दी जाएगी। एक उपयुक्त स्थान पर 11 लोगों का ग्रुप यह काम कर सकता है।
हालांकि, यह बात ध्यान रखनी जरूरी होगी कि तिरंगे और राष्ट्रगान का पूर्ण रूप से सम्मान हो और गरिमा बनी रहे।दिल्ली पुलिस ने कहा कि कनॉट प्लेस और आस-पास के इलाकों में निषेधाज्ञा पहले से लागू है। ऐसे में लोगों से अपील की गई है कि एक जगह इकट्ठे न हों. पुलिस ने एहतियातन कई जगहों पर सुरक्षा बढ़ा दी है,
जिसमें रानी झांसी रोड के पास स्थित झंडेवालान इलाका भी शामिल है, जहां सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपके ठहरे हुए है।वहीं, दिल्ली पुलिस की जनसंपर्क अधिकारी और डीसीपी नेहा यादव ने कहा है कि नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (NDMC) ने दिल्ली पुलिस को पत्र लिखकर सूचित किया है कि कनॉट प्लेस स्थित सेंट्रल पार्क 16 और 17 अक्तूबर को बंद रहेगा।
उनके मुताबिक, एनडीएमसी ने पार्क की सुरक्षा सुनिश्चित करने और किसी भी व्यक्ति को अनधिकृत रूप से प्रवेश करने से रोकने का भी अनुरोध किया है।सीजेपी ने लोगों से 16 अक्तूबर को शाम पांच बजे सेंट्रल पार्क में एकत्र होने की अपील की है और लोगों से तिरंगा लेकर पहुंचने को कहा है। पुलिस ने बताया कि आम आदमी पार्टी (आप) ने भी अपने कार्यकर्ताओं, समर्थकों और आम जनता से प्रदर्शन में शामिल होने तथा बड़ी संख्या में पहुंचने की अपील की है।
पुलिस के मुताबिक, मौजूदा सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में शांति एवं सौहार्द बनाए रखने तथा मानव जीवन और सरकारी एवं निजी संपत्तियों की सुरक्षा के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा पहले से लागू है।


