NRI SANJH JALANDHAR (30 MAY)
कांग्रेस सांसद शशि थरूर इन दिनों पीएम मोदी के आदेश के बाद अमेरिकी देशों में जाकर ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) की सफलता की कहानी सुना रहे हैं। वहीं पाकिस्तान और आतंकवाद के रिश्तों की पोल खोल रहे हैं। कांग्रेस सांसद इस समय कोलंबिया की राजधानी बोगोटा में हैं। कांग्रेस सांसद कोलंबिया में तो पाकिस्तान की धज्जियां उड़ाने पहुंचे थे। हालांकि यहां उन्होंने कोलंबिया की धरती से कोलंबिया को घेर लिया।
दरअसल पहलगाम हमले के जवाब में भारत के ऑपरेशन सिंदूर (Operations Sindoor) में पाकिस्तान में 100 से ज्यादा आतंकवादियों की मौतें हुई थी। इन मौतों प कोलंबिया सरकार ने शोक संवेदना व्यक्त की थी। भारत सरकार और कांग्रेस सांसद शशि थरूर को यह बात नागवार गुजरी।
शुक्रवार को जब थरूर भारती सांसदों के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करते हुए कोलंबिया में अपनी बात रख रहे थे तो उन्होंने आतंकियों के लिए शोक जताने को लेकर नाराजगी जताई। इस दौरान उन्होंने कोलंबिया को आतंकवाद और नैतिकता की परिभाषा समझाया।
थरूर ने कहा कि हम कोलंबिया सरकार की प्रतिक्रिया से थोड़ा निराश हुए हैं। मुझे लगता है कि शायद स्थिति को पूरी तरह से समझा नहीं गया था, जब कोलंबिया ने पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों पर भारत के हमले में मारे गए लोगों के प्रति संवेदना जताई। हमारे लिए समझ बहुत महत्वपूर्ण है। भारत ऐसा मुल्क है जो वास्तव में विश्व में रचनात्मक प्रगति की शक्ति रहा है। हम निश्चित रूप से उम्मीद करते हैं कि अन्य सरकारें उन लोगों को, जो आतंकवादियों को सुरक्षित पनाह और संरक्षण देते हैं, ऐसा करना बंद करने के लिए कहेंगी. यह वास्तव में बहुत मददगार होगा, चाहे वह सुरक्षा परिषद में हो या इसके बाहर हो। थरूर ने कहा कि जैसा कि मैं पहले भी कह चुका हूं किहमारे पास बहुत ठोस सबूत हैं। जब पहलगाम में आतंकी हमला हुआ, तो इसकी जिम्मेदारी द रेजिस्टेंस फ्रंट नाम के एक आतंकी संगठन ने ली। यह संगठन पाकिस्तान के मुरिदके में लश्कर-ए-तैयबा की एक इकाई है।
उन्होंने कहा कि हम कोलंबिया में अपने दोस्तों से कहेंगे कि आतंकियों को भेजने वालों और उनका विरोध करने वालों के बीच समानता नहीं हो सकती। इसी तरह से हमला करने वाले और इससे अपनी सुरक्षा करने वाले को एक तराजू में नहीं तौला जा सकता। हम केवल आत्मरक्षा के अपने अधिकार का इस्तेमाल कर रहे हैं और अगर इस पर कोई गलतफहमी है, तो हम उसे दूर करने के लिए तैयार हैं। हमें कोलंबिया सरकार से पाकिस्तान और पीओके में भारत की सैन्य कार्रवाई के बारे में विस्तृत जानकारी साझा करने में खुशी होगी।
पाकिस्तान में 81 फीसदी डिफेंस इक्विप्मेंट चीन से आते हैं
उन्होने बोगोटा में पाकिस्तान के आतंक के चेहरे को उजागर करते हुए कहा कि हमें अच्छी तरह से पता है कि पाकिस्तान में 81 फीसदी डिफेंस इक्विप्मेंट चीन से आते हैं। डिफेंस एक बेहद उदार शब्द है. ये असल में पाकिस्तान की रक्षा के सैन्य उपकरण नहीं है। इनमें से अधिकतर का इस्तेमाल वह अपनी रक्षा के लिए नहीं करता बल्कि हमले के लिए करता है। पाकिस्तान में चीन का सबसे बड़ा प्रोजेक्ट बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव है, जो चीन को दक्षिण पश्चिमी पाकिस्तान के एक बंदरगाह से जोड़ता है। इस गलियारे से सामान को बहुत तेजी और किफायती ढंग से चीन तक पहुंचया जा सकता है। हमें इसकी जानकारी है। हमारी लड़ाई हमारे खिलाफ आतंक को बढ़ावा देने वालों से है।


