NRI SANJH JALANDHAR (11 FEBRUARY)
गुरु रविदास जी की जयंती के पावन अवसर पर सर्व धर्म ख्वाजा मंदिर, की ओर से सभी श्रद्धालुओं को हार्दिक शुभकामनाएँ। इस शुभ दिन पर, डॉ. सूफी राज जैन जी ने गुरु रविदास जी की शिक्षाओं पर प्रकाश डालते हुए बताया कि उनका जीवन और उपदेश हमें मानवता, समानता, प्रेम और भाईचारे का संदेश देते हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं को प्रेरित किया कि हमें उनके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाना चाहिए, जिससे समाज में आपसी प्रेम, सद्भाव और शांति को बढ़ावा मिल सके।

इस अवसर पर सर्व धर्म ख्वाजा मंदिर ने गुरु रविदास जी की शोभायात्रा (नगर कीर्तन) में शामिल श्रद्धालुओं और कीर्तन मंडलियों का ससम्मान स्वागत किया। मंदिर प्रबंधन की ओर से सभी को सम्मानित किया गया और गुरु महाराज से सभी के उज्ज्वल भविष्य एवं समाज की भलाई के लिए प्रार्थना की गई।

गुरु रविदास जी की शिक्षाएँ आज भी समाज को सही दिशा दिखाने का कार्य कर रही हैं। उनकी विचारधारा के अनुरूप हमें बिना भेदभाव के समाज की सेवा करनी चाहिए और प्रेम, करुणा एवं समर्पण के मार्ग पर चलना चाहिए।

जैसा कि गुरु रविदास जी ने कहा है—
“मन चंगा तो कठौती में गंगा।”
अर्थात् सच्ची भक्ति और ईश्वर की प्राप्ति के लिए मन की शुद्धता सबसे महत्वपूर्ण है। भगवान उस ह्रदय में निवास करते हैं जहाँ किसी भी प्रकार का बैर भाव, लालच या द्वेष नहीं होता। श्रेष्ठ समाज की स्थापना के लिए मनुष्य का चित्त विकारों से मुक्त होना आवश्यक है।

डॉ. सूफी राज जैन जी ने कहा अभिमान शून्य रहकर कार्य करने वाला व्यक्ति जीवन में सदैव सफल रहता है।आइए, इस पावन अवसर पर हम सभी गुरु रविदास जी के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लें और समाज में समरसता व एकता को बढ़ावा दें।



