NRI SANJH JALANDHAR (31 JANUARY)
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज महाकुंभ में मची भगदड़ में 30 लोगों की जान गई। दुखद घटना से सबक लेते हुए अखिल भारतीय पुजारी महासंघ ने बड़ा कदम उठाया है। उज्जैन में होने वाले ‘सिंहस्थ 2028’ में ऐसी दुर्घटना न हो…। चिंता जताते हुए पुजारी संघ ने CM मोहन यादव को सुझाव पत्र लिखा है। पत्र में लिखा है कि 2028 के कुंभ में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उज्जैन आएंगे। सभी श्रद्धालुओं के साथ समान व्यवहार किया जाए। VIP और VVIP को मेला क्षेत्र में प्रतिबंधित किया जाना चाहिए। पुजारी संघ ने स्नान के लिए अखाड़ों का अलग-अलग स्थान तय करने की भी मांग की है।
इसलिए बिगड़ते हैं हालात
अखिल भारतीय पुजारी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष महेश पुजारी ने बताया कि सिंहस्थ में क्षिप्रा के हर घाट को रामघाट के रूप में प्रचारित कर श्रद्धालुओं को वहीं स्नान करने की अपील की जाती है। तब 13 अखाड़े वैभव प्रदर्शन करते हुए रामघाट पर जाकर स्नान करते हैं। अखाड़ों के स्नान के समय श्रद्धालुओं को नदी क्षेत्र में जाने से रोका जाता है। ऐसी स्थिति में श्रद्धालुओं का दबाव बढ़ता है। भगदड़ या हादसों की आशंका उत्पन्न होती है।



