उत्तराखंड के चमोली में हिमालय की ऊँची चोटियों पर स्थित गुरुद्वारा श्री हेमकुंट साहिब के कपाट आज यानी 10 अक्तूबर 2026 को बंद कर दिए जाएंगे।गुरुद्वारा साहिब के कपाट सर्द मौसम के कारण हो रही भारी बर्फबारी को देखते हुए संगतों के लिए बंद करने का फैसला लिया गया है।
23 मई 2026 को गुरुद्वारा श्री हेमकुंट साहिब के कपाट पाठ और अरदास के बाद “बोले सो निहाल” के जयकारों के साथ खोले गए थे।बता दें कि कपाट बंद होने से पहले सुबह 10 बजे सुखमनी साहिब का पाठ होगा। फिर 11 बजे कीर्तन और दोपहर 12 बजे समाप्ति की अरदास होगी। इसके बाद भारतीय सेना की 418 इंडिपेंडेंट रेजिमेंट के बैंड के साथ पांच प्यारों की अगुवाई में दोपहर बाद श्री गुरु ग्रंथ साहिब के पावन सरूप को प्रकाश स्थान से शीतकाल के लिए सुख स्थान ले जाया जाएगा।
इस मौके पर बड़ी संख्या में संगतें अपनी हाजिरी लगाने के लिए आ रही हैं। इसके साथ ही यात्रा के साढ़े चार महीने के समय में लगभग 3 लाख 68 हजार श्रद्धालुओं ने गुरुद्वारा श्री हेमकुंट साहिब में मत्था टेका। लगभग 15 हजार फीट से अधिक ऊंचाई पर स्थित इस धार्मिक स्थल पर नतमस्तक होने वाले श्रद्धालुओं की यह संख्या पिछले वर्षों से अधिक है।


