शनिवार को लुधियाना ज़िला अदालत में उस समय हड़कंप मच गया जब ज़िला और सत्र न्यायाधीश को ईमेल के ज़रिए बम से उड़ाने की धमकी मिली। यह धमकी तब मिली जब कोर्ट परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत की कार्यवाही चल रही थी, जिसमें सैकड़ों वादी, वकील और जज शामिल थे। ईमेल की खबर मिलते ही पुलिस कमिश्नरेट हरकत में आ गया
भारी पुलिस बल, डॉग स्क्वाड और बम निरोधक दस्ते ने तुरंत कोर्ट परिसर की घेराबंदी की और बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू किया।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, 12 सितंबर को ज़िला और सत्र न्यायाधीश की आधिकारिक ईमेल आईडी पर ‘deniseseward01@gmail.com‘ पते से एक बेहद आपत्तिजनक और धमकी भरा ईमेल आया।
भेजने वाले ने आतंकवादी संगठनों “खालिस्तान नेशनल आर्मी” और “बब्बर खालसा (परमार गुट – कनाडा)” से जुड़े होने का दावा किया। ईमेल में साफ़ तौर पर कहा गया था कि दोपहर 1:11 बजे कोर्ट परिसर में ज़बरदस्त बम धमाका किया जाएगा।
ईमेल में न केवल लुधियाना कोर्ट परिसर और चल रही राष्ट्रीय लोक अदालत को निशाना बनाने की बात कही गई,
बल्कि पंजाब के प्रमुख संस्थानों पर बड़े हिंसक हमलों की चेतावनी भी दी गई। धमकी भरे संदेश में दावा किया गया कि मोहाली इंटरनेशनल एयरपोर्ट और हलवारा एयरपोर्ट पर हिंसक हमले किए जाएंगे। इसमें यह भी कहा गया कि पंजाब के कई प्रमुख राजनीतिक नेताओं को जानलेवा हमलों में निशाना बनाया जाएगा।
धमकी भरा ईमेल मिलने के बाद कोर्ट परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तुरंत मौके पर पहुँचे और सभी एंट्री और एग्जिट गेट पर सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए। बम स्क्वाड और डॉग स्क्वाड की टीमों ने मेटल डिटेक्टर का इस्तेमाल करके कोर्ट रूम, पार्किंग एरिया, बार रूम, वकीलों के चैंबर, पब्लिक टॉयलेट और कैंटीन की बारीकी से तलाशी ली। हर संदिग्ध व्यक्ति की जांच के साथ-साथ अनजान गाड़ियों और बैगों की भी गहन जांच की जा रही है।
इस बीच, ज़िला और सत्र न्यायाधीश ने इस मामले को लेकर लुधियाना पुलिस कमिश्नर को तुरंत एक आधिकारिक पत्र लिखा और उन्हें पूरी घटना की जानकारी दी। उन्होंने पुलिस प्रशासन को परिसर में मौजूद सभी जजों, न्यायिक कर्मचारियों, वकीलों और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए।
उन्होंने कोर्ट की इमारत और संवेदनशील प्रशासनिक बुनियादी ढांचे की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने का भी आदेश दिया। साइबर क्राइम सेल की तकनीकी टीमों ने उक्त जीमेल आईडी के आईपी एड्रेस और असली स्रोत का पता लगाना शुरू कर दिया है।


