पंजाब कांग्रेस प्रधान पर जल्द ही फैसला हो सकता है। पंजाब को लेकर दिल्ली दरबार में बड़ी चर्चा होगी। 4 दिन पहले ही हाईकमान ने पंजाब के नेताओं के मूड का अंदाजा लगा लिया है। नेशनल प्रेसिडेंट खड़गे और केसी वेणुगोपाल राहुल गांधी इंचार्ज भूपेश बघेल से मिलेंगे। जानकारी के मुताबिक, इंचार्ज को दिल्ली बुलाया गया है, हालांकि मीटिंग का ऑफिशियल टाइम अभी जारी नहीं किया गया है।
पिछली मीटिंग में पंजाब नगर निगम चुनाव के नतीजों को लेकर तीखी बहस हुई थी। परगट सिंह, चन्नी, विजय सिंगला, सुखजिंदर रंधावा, अमर सिंह, राणा गुरजीत जैसे कई नाम चर्चा में हैं। BJP के प्रधान बदलने के बाद कांग्रेस और भी एक्टिव हो गई है। इसके अलावा चुनाव की स्ट्रैटेजी और दूसरे मुद्दों पर भी चर्चा होगी। पार्टी हाईकमान के साथ दिल्ली में एक अहम मीटिंग होनी है। चार दिनों में यह दूसरी हाई-लेवल मीटिंग है।
मीटिंग में पंजाब इंचार्ज और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी शामिल होंगे। यह मीटिंग पंजाब कांग्रेस प्रेसिडेंट पद को लेकर तेज अटकलों के बीच हुई है। कांग्रेस हाईकमान के लिए सबसे बड़ी चुनौती पंजाब में गुटबाजी खत्म करना और संगठन को एकजुट करना माना जा रहा है।फर्जी मीटिंग्स भी इसी ओर इशारा करती हैं।
पार्टी ने साफ कर दिया है कि 2027 का विधानसभा चुनाव कलेक्टिव लीडरशिप के आधार पर लड़ा जाएगा। 22 जनवरी को मीटिंग के बाद केसी वेणुगोपाल ने नेताओं को सख्त चेतावनी दी कि पार्टी के अंदरूनी मामलों पर पब्लिक में बयान बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। इसके अलावा हाईकमान ने साफ कर दिया कि पंजाब कांग्रेस प्रेसिडेंट अमरिंदर सिंह राजा वडिंग को नहीं बदला जाएगा।


