NRI SANJH JALANDHAR (8 February)
कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया बीते कल से दिल्ली के जंतर-मंतर पर केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। इसमें सरकार के कई मंत्री-विधायक मौजूद रहे। कर्नाटक का आरोप है कि केंद्र सरकार हमें न तो टैक्स का हिस्सा दे रही है और न ही आर्थिक मदद। जिसके बाद कर्नाटक सरकार ने इस प्रदर्शन को चलो दिल्ली नाम दिया है।
कर्नाटक के हक में केंद्र सरकार पर हल्ला बोलते हुए पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PPCC) के पूर्व प्रधान व क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू ने कर्नाटक सरकार के हक में आवाज उठाई है। सिद्धू ने कहा राज्यों का संघ मिलकर ही केंद्र को बनाता है। यहां से एकत्रित पैसे से केंद्र को फंडिंग होती है। ऐसे में राज्यों के साथ भेदभाव ठीक नहीं है।

N. Sidhu ने TWEET में कहा हम एक ही जहाज टाईटैनिक में सवार
नवजोत सिंह सिद्धू ने ट्वीट कर कहा- कर्नाटक अपनी प्रभावित वित्तीय स्वायत्तता के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहा है, जिसे तमिलनाडु व केरल भी सपोर्ट कर रहे हैं। पंजाब हमारे संघीय ढांचे को बचाने की इस लड़ाई में कर्नाटक का पूरा समर्थन करता है, क्योंकि हम एक ही जहाज टाइटैनिक पर सवार हैं।
GST कलेक्शन राज्य को देने में देरी
GST कलेक्शन राज्य को देने में देरी, खेतीबाड़ी नियम, RDF का पैसा, डैम मैनेजमेंट को फंडिंग, चंडीगढ़ पंजाब को देने, नदियों के पानी के लिए बनाए गए भेदभाव के नियम पंजाब के मुद्दे हैं। पंजाब हमारे संघीय ढांचे की रक्षा के लिए कर्नाटक CM सिद्धारमैया के साथ मजबूती से खड़ा है। राज्यों का संघ और वहां से मिलने वाला वित्त पोषण ही केंद्र को बनाता है।
पंजाब भी आज करेगा प्रदर्शन का समर्थन
वहीं, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान आज आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल के साथ दिल्ली जंतर-मंतर में पहुंच रहे हैं। यहां मुख्यमंत्री मान के जरिए पंजाब भी केरल व तमिलनाडु की तरह खुले रूप से वित्तीय स्वायत्तता के लिए कर्नाटक के सपोर्ट में उतर आएगा।
वहीं कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने समझाया कि हम 100 रुपए केंद्र सरकार को भेज रहे हैं, लेकिन 12-13 रुपए ही वापस मिल रहे हैं। डिप्टी CM डीके शिवकुमार ने कहा कि हमें अपना हक चाहिए। जो नीतियां गुजरात के लिए बनाई जा रही हैं, हमारे लिए भी वही होनी चाहिए। कर्नाटक के अलावा केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना भी केंद्र सरकार पर फंड्स के बंटवारे में भेदभाव का आरोप लगा चुके हैं।


